11 लोगो की मौत पर शोक में डूबा जिला, केक काट रहे प्रभारी मंत्री और जनप्रतिनिधि

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

राजन

विधायक रिंकी कोल की गैरहाजिरी पर सवाल; मंत्री को जन्मदिन की बधाई देने पहुंची

जिले के प्रभारी मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ने अपने जन्मदिन के भाजपा कार्यालय पर काटा केक

मीरजापुर(उत्तर प्रदेश)। नेशनल हाइवे रीवा – वाराणसी मार्ग पर ड्रमंडगंज थाना क्षेत्र में बीती रात हुए हृदयविदारक सड़क हादसे ने पूरे जनपद को झकझोर कर रख दिया तो वही जिले के प्रभारी मंत्री नन्दगोपाल गुप्ता और क्षेत्रीय विधायक रिंकी कोल का घटना और पीड़ित परिवार के प्रति कोई संवेदना प्रकट नही करना चर्चा का विषय बन गया। इतना ही नही प्रभारी मंत्री ने अपने जन्मदिन पर  गुरुवार को जनपद में पहुंचे और केक काटा और विधायक रिंकी कोल उन्हें केक खिलाकर बधाई दिया। बताते चले कि बुधवार शाम करीब 7 बजे मिर्जापुर-रीवा रोड स्थित ड्रमंडगंज क्षेत्र में ट्रक और कार व बोलेरो की भीषण टक्कर में 11 लोगों की जिन्दा जलकर दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे में अधिकांश मृतक छानबे विधानसभा क्षेत्र के बताए जा रहे हैं, जिससे इलाके में शोक की लहर व्याप्त है।

इस हादसे के बाद छानबे विधानसभा क्षेत्र से अपना दल एस की  विधायक रिंकी कोल की गैरमौजूदगी को लेकर सवाल उठने लगे हैं। जिस पर लोगो ने आरोप लगाते हुए कहा कि विधायक घटनास्थल पर नही पहुंची और न ही मृतक परिवारों से मिलने गईं जबकि बताया जा रहा है कि कुछ पीड़ित परिवार उनके आवास पर भी पहुंचे, लेकिन वहां भी उनसे मुलाकात नहीं हो सकी।

इसी बीच गुरुवार को जनपद दौरे पर पहुंचे प्रभारी मंत्री नंद गोपाल नंदी भारतीय जनता पार्टी कार्यालय पहुंचे, जहां वह अपने जन्मदिन के अवसर पर केक काटते नजर आए। इतनी बड़ी दुःखद घटना के बीच इस तरह के आयोजन को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। जिसको लेकर लोगों का कहना है कि जब पूरा जनपद शोक में डूबा है, तब जनप्रतिनिधियों को पीड़ित परिवारों के बीच जाकर संवेदना व्यक्त करनी चाहिए थी। वहीं इस घटना के बाद मंत्री के कार्यक्रम को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलकों में भी चर्चाएं तेज हो गई हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शोक संवेदना की व्यक्त
जनपद मीरजापुर में सड़क दुर्घटना में हुई जनहानि अत्यंत दुःखद एवं हृदय विदारक है। मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को घायलों का समुचित उपचार कराने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को सद्गति एवं शोकाकुल परिजनों को यह अथाह दुःख सहन करने की शक्ति तथा घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें। इस दुर्घटना में दिवंगत हुए लोगों के परिजनों को ₹02-02 लाख की आर्थिक सहायता प्रदान करने हेतु निर्देश दिए गए हैं।

फिलहाल प्रशासन द्वारा राहत एवं सहायता कार्य जारी होने की बात कही जा रही है, वहीं इस पूरे मामले ने जनप्रतिनिधियों की कार्यशैली और संवेदनशीलता पर बहस छेड़ दी है।

Leave a Comment

1446
वोट करें

भारत की राजधानी क्या है?