गर्मी बढ़ते ही म्योरपुर-दक्षिणांचल में गहराया पेयजल संकट, हैंडपंप-कुएं हुए जवाब

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

ग्रामीण बोले- हर घर जल नल योजना फेल, हफ्ते में एक दिन मिलता है पानी

म्योरपुर/सोनभद्र गर्मी बढ़ते ही विकासखंड म्योरपुर के दक्षिणांचल क्षेत्र में पेयजल संकट गहराने लगा है। आरंगपानी, नौडिया, डडीहरा, बराईडांड, खैराही, किरवानी, रनटोला, जामपानी, सुपाचुआं, कुंडाडीह सहित भांट क्षेत्र के सिंदूर, मकरा और कुलडोमरी गांवों में स्थिति बेहद गंभीर है।आदिवासी अंचल वाले इस ब्लॉक में बिजली का उत्पादन तो बड़े पैमाने पर हो रहा है, लेकिन पीने के पानी के लिए लोग जूझ रहे हैं। भांट और पहाड़ी इलाकों में रहने वाले लोग कुओं का पानी पीकर जीवनयापन कर रहे हैं। तेज गर्मी में कुएं और हैंडपंप भी जवाब देने लगे हैं। लोगों का कहना है कि आखिर कब तक ऐसा चलेगा। एक ओर केंद्र सरकार की हर घर जल नल योजना का काम तेजी से चल रहा है, वहीं धरातल पर योजना फेल साबित हो रही है। कई गांवों में महीनों से पानी की आपूर्ति नहीं हुई है तो कुछ जगह हफ्ते या 10 दिन में एक दिन ही नल से पानी आता है। पथरीला-पहाड़ी इलाका होने के कारण योजना से उपयोग का पानी भी पर्याप्त नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीण सत्यनारायण, बुधई, अमेरिका, लकेश्वर, प्रशांत, रामलाल, विनोद, हीराल, बोधसिंह आदि ने जिलाधिकारी और हर घर जल योजना के अधिकारियों से मांग की है कि इस भीषण गर्मी में जल्द से जल्द पानी की वैकल्पिक व्यवस्था कर राहत दी जाए।

Leave a Comment

1494
वोट करें

भारत की राजधानी क्या है?