अमित मिश्रा
ब्रह्मकुमारी बहनों ने ओबरा और चोपन बाजार में बांधा रक्षा सूत्र
सोनभद्र(उत्तर प्रदेश)। जनपद में ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय संस्था द्वारा समाज सेवा प्रतिबद्धता के दूसरे दिन ओबरा मे आत्मिक ज्योति को जागृत कर मानव कल्याण की भावना को साकार करने के लिए ब्राह्मकुमारी बहनो द्वारा भाइयो की कलाइयो मे रक्षासूत्र बाँधा गया। मुख्य कार्यक्रम ओबरा के महेंद्रा होटल के निकट ब्रह्मकुमारीज के उपसेवा केंद्र पर संपन्न हुआ।
ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय सेवा केंद्र की मुख्य सेवा केंद्र प्रभारी ब्रह्माकुमारी सुमन बहन ने सर्वप्रथम रक्षाबंधन के आध्यात्मिक रहस्य पर प्रकाश डालते हुए बताया कि रक्षाबंधन का पर्व मनुष्यत्माओं को पवित्रता के बंधन में बंधकर समाज में नैतिक मूल्यों और आदर्शों के धर्म को जीवन में व्यावहारिक रूप से अपनाने की प्रेरणा देता है।
रक्षासूत्र केवल धागों का बंधन मंत्र नहीं है, बल्कि यह सनातन,भारतीय संस्कृति की महान के महान आदर्शो और पवित्र भावनाओं का बंधन है। वर्तमान समय मे रक्षाबंधन के त्यौहार को इसी व्यापक दृष्टिकोण से समझने और मनाने की आवश्यकता है। तभी आदि सनातन दैवी संस्कृति की संकल्पना साकार हो सकती है। ब्रह्माकुमारी संस्था से जुड़े सदस्यों, गणमान्य नागरिकों, को राखी बांधी गई तथा प्रसाद का वितरण किया गया। इसके बाद चोपन स्थित गीता पाठशाला में भी राखी बांधी गई।
कार्यक्रम को सफल बनाने में बीके प्रतिभा,बीकेसीता बहन, मनोरमा बहन डंगर भाई, बृज किशोर भाई, अशोक भाई इत्यादि ने सक्रिय योगदान दिया।






