सीएस पाण्डेय
वृक्षारोपण के लिए आए पौधों को लगाने के बजाय सड़क किनारे फेंकने का ग्रामीणों ने लगाया आरोप
ग्रामीणों ने फोटो भेजकर अधिकारियों से की कार्रवाई की मांग
बीडीओ बोले— मामले की जांच कर होगी आवश्यक कार्रवाई
बभनी/सोनभद्र(उत्तर प्रदेश)। विकास खण्ड की ग्राम पंचायत मचबन्धवां में वृक्षारोपण के लिए आए पौधे सड़क पर फेंके मिलें। क्षेत्र के लोगों ने पौध रोपण की सुचिता पर प्रश्न चिन्ह लगाते हुए हु गांव में पौध रोपण की जांच की मांग की है।
मचबन्धवा गांव में खेतों के किनारे वन विभाग की काली पॉलीथिन में पैक विभिन्न प्रजातियों के सूखे पौधे पड़े देखे गए सूचना फैलते ही मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। लोगों ने पौधों की तस्वीरें लेकर संबंधित अधिकारियों को भेजीं और मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की।राम जनम और राम खेलावन ने बताया कि पंचायत में पौधरोपण के लिए गड्ढे भी तैयार थे, लेकिन पौधों को लगाया ही नहीं गया।
ग्रामीण राम जनम ने आरोप लगाया कि विजय शंकर पुत्र कमल सिंह तथा रमेश पुत्र रामरतन सिंह पौधों को फेंक रहे थे। वहीं राम खेलावन ने कहा कि यदि इन पौधों का वितरण ग्रामीणों के बीच कर दिया जाता तो वे इन्हें अपने खेतों और घरों के आसपास लगाकर सुरक्षित रख लेते तथा सरकारी योजना भी सफल होती। ग्रामीणों ने इस पूरे मामले में ग्राम पंचायत की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए मनमानी का आरोप लगाया है।
ग्राम पंचायत मचबन्धवां के प्रधान रामरतन सिंह ने बताया कि पौधे लगाने की जिम्मेदारी विजय शंकर, हीरालाल और जवाहीर लाल को सौंपी गई थी। उनके द्वारा पौधे नहीं लगाए गए, जिसके कारण वे सूख गए।
इस संबंध में खण्ड विकास अधिकारी बभनी उत्कर्ष सक्सेना ने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।






