10 सर्वाधिक करदाताओं को प्रशस्ति पत्र, व्यापारी कल्याण योजना शुरू करने की मांग
सोनभद्र। कलेक्ट्रेट सभागार में सोमवार को वीर शिरोमणि दानवीर भामाशाह की जयंती श्रद्धा एवं उत्साह के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में जनपद के 10 सर्वाधिक कर जमा करने वाले व्यापारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
सदर विधायक भूपेश चौबे ने कहा कि भामाशाह का त्याग, राष्ट्रभक्ति और दानवीरता आज भी समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने अपना सर्वस्व महाराणा प्रताप और राष्ट्र की रक्षा के लिए समर्पित कर अद्वितीय उदाहरण प्रस्तुत किया।
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने कहा कि ईमानदार करदाता राष्ट्र और जनपद के विकास की मजबूत आधारशिला हैं। भामाशाह का जीवन सेवा, त्याग, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रहित का प्रतीक है। करदाताओं के योगदान से ही विकास कार्यों को गति मिलती है।
भाजपा जिलाध्यक्ष नंदलाल गुप्ता और नगर पालिका अध्यक्ष रूबी प्रसाद ने भामाशाह के आदर्शों को अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में सांस्कृतिक विभाग द्वारा करमा नृत्य की प्रस्तुति दी गई।
इस मौके पर अपर जिलाधिकारी न्यायिक रमेश कुमार, संयुक्त आयुक्त राज्य कर सुनील कुमार, उपायुक्त प्रशासन राज्य कर रितेश मिश्र, उपायुक्त योगेश द्विवेदी, विकास कृष्ण बन्सरा, जुनैद व व्यापारी बंधु मौजूद रहे।
भामाशाह के नाम पर योजना शुरू करने की मांग
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार संगठन के जिलाध्यक्ष कौशल शर्मा ने जिला प्रशासन के माध्यम से सरकार से मांग की कि भामाशाह के त्याग व राष्ट्र सेवा की भावना को जन-जन तक पहुंचाने के लिए उनके नाम पर सरकारी जन कल्याणकारी एवं विकासोन्मुखी योजनाएं संचालित की जाएं। उन्होंने भामाशाह व्यापारी कल्याण योजना, लघु एवं सूक्ष्म उद्यमियों के लिए विशेष वित्तीय सहायता, मेधावी छात्रों के लिए भामाशाह छात्रवृत्ति योजना शुरू करने व प्रत्येक जनपद में भामाशाह की प्रतिमा स्थापित करने की मांग की। साथ ही व्यापार व समाज सेवा में उत्कृष्ट कार्य करने वालों को भामाशाह सम्मान देने का भी सुझाव दिया।






