शिक्षा के क्षेत्र में विकास खण्ड को निपुण बनाने के लिए हुई उन्नयन संगोष्ठी

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अमित मिश्रा

सोनभद्र(उत्तर प्रदेश)। जनपद में ब्लॉक स्तरीय ग्राम प्रधान , स्थानीय प्राधिकारी एवं प्रधानाध्यापकों की उन्नयन संगोष्ठी का आयोजन आज चोपन विकास में हुई। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में सूबे के समाज कल्याण राज्यमन्त्री संजीव कुमार गोंड और विशिष्ठ अतिथि के रूप में नगर पंचायत अध्यक्ष, विकास खंड चोपन के ग्राम प्रधान संघ के अध्यक्ष  सजीवन यादव ,वरिष्ठ समाजसेवी दिनेश यादव, लव कुश भारती, उमेश पटेल, जल पुरुष के रूप में पहचान रखने वाले रमेश यादव  उपस्थित रहे।

आज की संगोष्ठी में ग्राम प्रधान और विद्यालय के बीच अंतर- संबंधों पर चर्चा किया गया। विद्यालय में ग्राम प्रधानों के उत्कृष्ट भूमिका के बारे में बताया गया जिसमें 19 पैरामीटर के अंतर्गत विद्यालय कायाकल्प, दिव्यांग बच्चों के लिए शिक्षा विभाग द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे उपकरण ,विद्यालय प्रबंध समिति का गठन, दिव्यांग शौचालय पर विस्तार से चर्चा की गई।

आज के कार्यक्रम के संयोजक खंड शिक्षा अधिकारी  सुनील कुमार द्वारा सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए बेसिक शिक्षा में हो रहे कार्यों के बारे में विस्तार से चर्चा किया गया। जिसमें डीबीटी के अंतर्गत बच्चों को उपलब्ध कराए जाने वाली धनराशि से बच्चों को दो सेट यूनिफॉर्म, जूता, मोजा, स्वेटर, बैग इत्यादि खरीदने, विद्यालयों को सुंदरीकरण के दिशा में ग्राम प्रधानों के सहयोग का महत्व, शिक्षक प्रशिक्षण बच्चों की उपस्थिति ,बच्चों को उपलब्ध होने वाले अन्य सुविधाएं, एनएटी की परीक्षा में उपस्थित, एनएएस की परीक्षा में विद्यालयों का परफॉर्मेंस सहित विद्यालय प्रबंध समिति में विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष की विद्यालय विकास में भूमिका ,शिक्षण संकुल के रूप में कार्य करने शिक्षक के बेहतरीन कार्यों की सराहना की गई ।

शिक्षकों से आह्वान किया गया कि शासन की मंशा के अनुसार आप सब लोग मिलकर निकट भविष्य में विकास खंड चोपन को निपुण विकास खंड में विकसित करने के लिए मनोयोग से लग जाए। जहां भी विद्यालय व्यवस्था संबंधित समस्या हो आप ग्राम प्रधान लोगों का सहयोग लें।

वही राज्य संदर्भ समूह के सदस्य विद्यासागर द्वारा शासन की मंशा के अनुसार स्वच्छ विद्यालय सुंदर विद्यालय के अंतर्गत विद्यालय को सजाने के लिए वित्त आयोग से प्राप्त धन का सदुपयोग करते हुए विद्यालय को आकर्षक बनाने के कार्य पर बल दिया गया ।वर्तमान में प्रधान लोगों द्वारा किए गए कार्यों की सराहना की गई।ग्राम पंचायत में परिषदीय विद्यालय होता है इसमें ग्राम प्रधान का सहयोग आवश्यक है।

मुख्य अतिथि संजीव कुमार गोंड द्वारा भी शासन की बातों को रखा गया। उन्होंने कहा कि विद्यालय के विकास में यदि कहीं कोई समस्या आ रही है या उनके विकास में कहीं भी सहयोग की आवश्यकता हो तो तत्काल अवगत कराएं ।जिस की डीएमएफ फंड से विद्यालय का सुंदरीकरण कराया जा सके। विद्यालय की पहुंच आसान करने के लिए जगह-जगह आ रही बाधाओं में नदियों पर पुल, नालों पर रपटा इत्यादि बनाने का कार्य प्राथमिकता पर कराया जा रहा है। वही सभी विद्यालयों को मुख्य सड़क से बाधा रहित पहुंच बनाने का कार्य किया जा रहा है। डीबीटी के अंतर्गत जहां जो कठिनाई आ रही है जैसे कि बच्चों का आधार कार्ड बनने में दिक्कत हो तो उसको तत्काल जिलाधिकारी से बात कर दूर करने के लिए उन्होंने आश्वासन दिया।

नगर पंचायत चोपन के अध्यक्ष उस्मान अली ने बताया कि नगर पंचायत के अंतर्गत आने वाले समस्त विद्यालय में कायाकल्प का काम कराया जा रहा है इसमें धन की कमी नहीं आने दी जाएगी। हमारे शिक्षक जो परिश्रम मेहनत कर रहे हैं वह देखने को मिल रहा है।

दिव्यांग उपकरण वितरन कार्यक्रम में दिव्यांग बच्चों को उपकरण वितरण किया गया। बच्चे उपकरण पाकर बहुत खुश हुए। उनका चेहरा खिल गया। उनके माता-पिता भी खुश हुए कि अब हमारे बच्चे को विद्यालय जाने में कठिनाई नहीं होगी। उपकरण वितरण के अंतर्गत जरूरतमंद बच्चों को बैसाखी, व्हील चेयर, हियरिंग एड,वॉकिंग स्टिक जिला समन्वयक समेकित शिक्षा प्रणति प्रभा सारंगी की उपस्थिति में वितरण कराया गया।

आज के कार्यक्रम में रूद्र प्रसाद मिश्रा, एआरपी मनीष कुमार श्रीवास्तव, डॉक्टर अरविंद कुमार एवं संकुल शिक्षक के रूप में रजनीश कुमार श्रीवास्तव, सुनील कुमार वर्मा, अजीत कुमार सिंह, रमाशंकर सिंह ,गुरु प्रसाद, राजपति ,रूद्र प्रसाद के साथ विद्यालयों के प्रधानाध्यापक समस्त ग्राम पंचायत के ग्राम प्रधान और प्रधानाध्यापक विद्यालय के विकास में बच्चों की अच्छी शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए ग्राम प्रधान पनारी, गोठानी व जुगैल को प्रशस्ति पत्र एवं अंग वस्त्र दे कर सम्मानित किया गया।

आज के कार्यक्रम का सफल संचालन आनंद त्रिपाठी द्वारा किया गया। भविष्य में विद्यालय के प्रति ग्राम प्रधान की निरंतर सहयोग के लिए अपेक्षा करते हुए कार्यक्रम समाप्ति की घोषणा की गई।

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