रिकवरी एजेंटों के उत्पीड़न, साइबर फ्रॉड और राहबीर योजना पर हुई चर्चा
सोनभद्र। पुलिस लाइन सभागार में पुलिस क्षेत्राधिकारी ट्रैफिक डॉ. चारू द्विवेदी की अध्यक्षता में व्यापारी सुरक्षा प्रकोष्ठ की बैठक संपन्न हुई। बैठक में टोल प्लाजा पर चल रही अनियमितताओं का मुद्दा प्रमुख रहा। व्यापार संगठनों ने विस्तृत जानकारी देते हुए कार्रवाई की मांग की।
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार संगठन सोनभद्र के जिलाध्यक्ष कौशल शर्मा ने कहा कि जनपद में प्राइवेट फाइनेंस कंपनियां रिकवरी एजेंटों के जरिए ग्राहकों को डरा-धमकाकर सार्वजनिक रूप से अपमानित कर रही हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक के नियमों के मुताबिक गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियां लोन वसूली के लिए कानूनी प्रक्रिया ही अपना सकती हैं। बाहुबल या धमकी का प्रयोग नहीं कर सकतीं। रिकवरी एजेंट सुबह 9 से शाम 6 बजे तक ही कॉल कर सकते हैं। अनावश्यक उत्पीड़न पर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।

श्री शर्मा ने कहा कि सोनभद्र की सड़कों पर दुर्घटनाओं में मौतें बढ़ रही हैं। सरकार की ‘राहबीर योजना’ के तहत गोल्डन आवर में घायल को अस्पताल पहुंचाने वाले को 25,000 रुपये देने का प्रावधान है। उन्होंने योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करने और तत्काल राशि देने की मांग की। साथ ही ‘सड़क दुर्घटना कैशलेस उपचार योजना 2025’ के तहत डेढ़ लाख तक का इलाज सरकार द्वारा कराए जाने की जानकारी दी। कहा कि आम आदमी इस योजना से अनभिज्ञ है, इसका प्रचार जरूरी है।
उन्होंने साइबर अपराध के बढ़ते मामलों पर चिंता जताई। कहा कि कई बैंक खातों में साइबर फ्रॉड का पैसा आ जाने से व्यापारियों को खाता संचालन में दिक्कत हो रही है। विभाग द्वारा दिशा-निर्देश जारी किए जाएं।
श्री शर्मा ने जैत, परासी क्षेत्र में नशेड़ियों द्वारा वाहनों को रोककर मारपीट व छिनैती की घटनाओं का मुद्दा उठाया। बताया कि ब्रह्म नगर, अंबेडकर नगर, न्यू कॉलोनी, प्रभापुरम कॉलोनी आदि मुहल्लों में शाम होते ही नशेड़ियों का जमावड़ा लग जाता है। इससे महिलाएं और आम नागरिक असुरक्षित महसूस करते हैं।
बैठक में नगर अध्यक्ष प्रशांत जैन, जिला उपाध्यक्ष यशपाल सिंह, नागेंद्र मोदनवाल, दिनेश सिंह, नगर मंत्री अभिषेक, नगर संयोजक अमित अग्रवाल समेत अन्य व्यापारी मौजूद रहे।






