अमित मिश्रा
O- तीन जनपदों के बच्चों ने बिखेरा प्रतिभा का जादू
O- सोनभद्र में शिक्षा, संस्कृति और खेल का संगम, विधायक भूपेश चौबे ने दी शुभकामनाएं
सोनभद्र। वंदे मातरम् की सामूहिक गूंज और उत्साह से गूंजता क्रीड़ा मैदान… यही दृश्य देखने को मिला सोनभद्र में आयोजित 10वीं मंडलीय बाल क्रीड़ा प्रतियोगिता एवं सांस्कृतिक समारोह में, जहाँ तीन जनपदों — सोनभद्र, मिर्जापुर और भदोही — के हजारों बच्चे और शिक्षक एक साथ जुटे।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि सदर विधायक भूपेश चौबे एवं विशिष्ट अतिथि मंडलीय सहायक शिक्षा निदेशक (बेसिक) ने माँ सरस्वती की प्रतिमा पर दीप प्रज्वलित कर किया। इसके बाद झंडारोहण और शानदार मार्च पास्ट के साथ प्रतियोगिता का औपचारिक शुभारंभ हुआ।
वंदे मातरम् के 150 वर्ष पर ऐतिहासिक क्षण
करीब 1000 से अधिक बच्चों, शिक्षकों और अतिथियों ने एक स्वर में “वंदे मातरम्” का गायन कर कार्यक्रम को ऐतिहासिक बना दिया। यह क्षण इतना भावुक और प्रेरक था कि उपस्थित हर व्यक्ति गर्व और देशभक्ति से सराबोर हो गया।
मशाल धावकों ने पूरे मैदान की परिक्रमा कर एकता और जोश का संदेश दिया।
खेल भावना और सांस्कृतिक रंगों से सजा आयोजन
200 मीटर दौड़ का शुभारंभ अतिथियों ने हरी झंडी दिखाकर किया। साथ ही विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं — दौड़, लंबी कूद, कबड्डी, खो-खो, रिले रेस आदि में तीनों जिलों के बच्चों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में बच्चों की प्रस्तुतियों और चोपन तथा रॉबर्ट्सगंज की रंगोली टीमों ने अपने अद्भुत कला प्रदर्शन से सभी का मन मोह लिया।
कार्यक्रम का संचालन अमित कुमार पांडेय और आनंद त्रिपाठी ने शानदार ढंग से किया।
विधायक ने किया बच्चों का उत्साहवर्धन
विधायक भूपेश चौबे ने अपने संबोधन में बच्चों को खेल भावना से जुड़ने और अपने जनपद तथा मंडल का नाम रोशन करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि “खेल सिर्फ जीतने का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, आत्मविश्वास और टीम भावना का प्रतीक है।”
तीनों जनपदों का समन्वित प्रयास
इस अवसर पर बीएसए मुकुल आनन्द पांडेय ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि यह आयोजन शिक्षा के साथ-साथ बच्चों के सर्वांगीण विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
तीनों जनपदों के शिक्षा अधिकारी, व्यायाम शिक्षक, निर्णायक मंडल और शिक्षक संघ पदाधिकारी आयोजन को सफल बनाने में जुटे रहे।
खण्ड शिक्षा अधिकारी समय-समय पर बच्चों के भोजन और आवास की व्यवस्था का निरीक्षण करते रहे। इस दौरान सुनील कुमार, संजय यादव, राकेश पांडेय, अशोक सिंह, अरविंद पटेल, महेंद्र मौर्य, बृजेश सिंह, धनंजय सिंह, सुनील सिंह, विश्वजीत सिंह, लोकेश मिश्रा आदि की भूमिका सराहनीय रही।







