अस्पतालों की लाइन से बचना है तो योग को जीवन का हिस्सा बनाइए

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अमित मिश्रा

राष्ट्रीय नवनिर्माण सेना ट्रस्ट द्वारा विशेष योग शिविर का आयोजन, आनन्द पटेल दयालु

ओबरा (सोनभद्र) । राष्ट्रीय नवनिर्माण सेना ट्रस्ट एवं राष्ट्रीय नवनिर्माण योग सेना के तत्वावधान में गांधी मैदान, ओबरा में विशेष योग शिविर का आयोजन किया गया, जो प्रतिदिन प्रातः 4:30 बजे से 6:30 बजे तक संचालित हो रहा है। इस शिविर में बड़ी संख्या में योगप्रेमी भाग ले रहे हैं और स्वस्थ जीवन की दिशा में प्रेरित हो रहे हैं।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए राष्ट्रीय नवनिर्माण सेना ट्रस्ट के राष्ट्रीय अध्यक्ष आनन्द पटेल दयालु ने कहा,
“देश की स्वास्थ्य व्यवस्था चरमराई हुई है। अस्पतालों में लंबी लाइनें हैं, अच्छे डॉक्टरों की भारी कमी है। अब समय आ गया है कि हम बीमार ही न पड़ें, और यह तभी संभव है जब हम योग को अपनाएं। योग हमारे शरीर, मन और आत्मा – तीनों का संतुलन स्थापित करता है। यह राष्ट्र निर्माण की नींव है, क्योंकि जब नागरिक स्वस्थ रहेंगे, तभी समाज और देश प्रगति करेगा। योग अपनाइए और अस्पतालों की भीड़ से बाहर आइए।”
मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित राष्ट्रीय योग गुरु झल्लन शर्मा ने कहा,
“योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि यह एक जीवनशैली है। यह तन, मन और आत्मा के बीच समरसता लाता है। आज की भागदौड़ भरी ज़िंदगी में योग ही वह साधन है जो व्यक्ति को मानसिक तनाव, चिंता और अवसाद से बाहर निकालता है। यदि हम नियमित रूप से योग करें तो हम न केवल बीमारियों से बच सकते हैं, बल्कि अधिक ऊर्जावान और सफल जीवन जी सकते हैं।”
मुख्य अतिथि के रूप में ही उपस्थित राष्ट्रीय योग संरक्षक धनराज सिंह ने अपने विचार रखते हुए कहा,
“आज के समय में जब हर घर में कोई न कोई व्यक्ति बीमारी से पीड़ित है, तो योग ही वह उपाय है जिससे हम खुद को बचा सकते हैं। योग हमारे जीवन में अनुशासन, ऊर्जा और आत्मविश्वास लाता है। यह हमारी संस्कृति की सबसे बड़ी धरोहर है जिसे अपनाकर हम अपने जीवन को एक नई दिशा दे सकते हैं। हमारा उद्देश्य होना चाहिए – ‘स्वस्थ व्यक्ति, स्वस्थ समाज और स्वस्थ राष्ट्र।’”
इस शिविर में कुमारी महिमा मित्तल ने सभी प्रतिभागियों को योगाभ्यास कराया। उन्होंने राष्ट्रीय नवनिर्माण योग सेना से तीन महीने का प्रशिक्षण प्राप्त किया है और अब योग शिक्षिका बनने की दिशा में कार्यरत हैं। उनके नेतृत्व में कई युवक-युवतियाँ योग शिक्षक/शिक्षिका बनने की ट्रेनिंग ले रहे हैं।

इस अवसर पर आदित्य विश्वकर्मा, लाल बहादुर यादव, रामबाबू सोनकर, विनोद चौहान सहित अनेक गणमान्य जन उपस्थित रहे और उन्होंने योगाभ्यास में भाग लेकर समाज को एक सकारात्मक संदेश दिया।
कार्यक्रम के अंत में देश की रक्षा में शहीद हुए वीर सपूतों की स्मृति में सभी उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की।
राष्ट्रीय नवनिर्माण सेना ट्रस्ट का यह प्रयास राष्ट्र को स्वस्थ, आत्मनिर्भर और अनुशासित बनाने की दिशा में एक प्रेरणादायक कदम है।

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