चेरवाडीह संदिग्ध मौत मामले में दो के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज, निष्पक्ष जांच की मांग
कोन/सोनभद्र। चेरवाडीह में सड़क किनारे अचेत अवस्था में मिले युवक नीतीश तिवारी उर्फ बाटा की मौत के मामले में पुलिस ने पिता की तहरीर पर दो युवकों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पिता ललित तिवारी निवासी केवाल ने तहरीर में बताया कि उनका पुत्र मंगलवार शाम अपनी बहन के घर चेरवाडीह आया था। गांव के ही दो युवकों – आनंद जायसवाल उर्फ सोनू पुत्र रामजनम जायसवाल और लोकेश पासवान पुत्र सुरेंद्र पासवान, निवासी चेरवाडीह से महीनों से विवाद चल रहा था और जान से मारने की धमकी भी दी गई थी। शाम को विवाद के बाद पुत्र सिर में गंभीर चोट के साथ खून से लथपथ बहन के घर के सामने सड़क पर मिला। परिजन उसे कोन सीएचसी ले गए, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। आरोप है कि दोनों युवकों ने मारकर सड़क पर फेंक दिया।
मामले को गंभीरता से लेते हुए गुरुवार को पूर्व जिलाध्यक्ष भाजपा डॉ. धर्मवीर तिवारी कार्यकर्ताओं के साथ कोन पहुंचे और मामले की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच दूसरे थाने की पुलिस से कराकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
पीड़ित परिवार की कड़ी मशक्कत और डॉ. तिवारी के हस्तक्षेप के बाद गुरुवार दोपहर बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई।
इस दौरान युवा मोर्चा के पूर्व संयोजक मनीष अग्रहरि, मंडल अध्यक्ष रामलाल चेरो, बृजकुमार जायसवाल, रमेश चौबे, हृदय पांडेय सहित भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।










