नौगढ़ में गर्भवती महिला की सांप काटने से मौत, झाड़-फूंक के कारण इलाज में हुई देरी, परिवार में छाया मातम

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

चंदौली जिले के नौगढ़ थाना क्षेत्र के कोठी घाट गांव में एक पांच माह की गर्भवती महिला की सांप काटने से मौत हो गई। परिजनों द्वारा समय पर अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़-फूंक के चक्कर में पड़ने से इलाज में देरी हुई, जिसके कारण महिला ने दम तोड़ दिया।

जानकारी के अनुसार, कोठी घाट निवासी राकेश निषाद अपनी पत्नी प्रीति निषाद के साथ गांव से कुछ दूरी पर खेत के पास बने घर में रहते थे। प्रीति लगभग पांच माह की गर्भवती थीं। मंगलवार रात भोजन के बाद पति-पत्नी सो गए। रात्रि लगभग 12 बजे प्रीति की चीख सुनकर राकेश की नींद खुली। उन्होंने देखा कि उनकी पत्नी को किसी जहरीले सांप ने काट लिया था।

सूचना मिलने पर परिवार के अन्य सदस्य भी मौके पर पहुंच गए। हालांकि, महिला को तुरंत अस्पताल ले जाने के बजाय परिजन उसे झाड़-फूंक कराने के लिए चकिया तहसील के सैदपुर रमसल्ला स्थित सती मइया ले गए। वहां पहुंचने में काफी समय लगा। बताया जा रहा है कि रात करीब दो बजे महिला को वहां पहुंचाया गया, जहां लगभग दो घंटे तक झाड़-फूंक की जाती रही। इस दौरान प्रीति की हालत लगातार बिगड़ती गई।

स्थिति गंभीर होने पर परिजन उसे वापस नौगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले गए। वहां मौजूद चिकित्सक डॉ. चंद्रा ने बताया कि महिला की हालत अत्यंत गंभीर थी। प्राथमिक उपचार के दौरान उसे एंटी स्नेक वेनम (ASV) दिया गया, लेकिन चिंताजनक स्थिति के कारण तत्काल सोनभद्र के लोढ़ी जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।

परिजन आनन-फानन में महिला को लोढ़ी अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने इलाज शुरू किया, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। उपचार के दौरान प्रीति की मौत हो गई।

प्रीति की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पूरे गांव में भी घटना को लेकर शोक का माहौल है।

सीएचसी नौगढ़ के चिकित्सा प्रभारी डॉ. अवधेश सिंह ने लोगों से अपील की है कि सांप काटने की स्थिति में झाड़-फूंक पर भरोसा न करें। उन्होंने कहा कि मरीज को तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या अस्पताल पहुंचाएं, क्योंकि समय पर उपचार से जान बचाई जा सकती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

1543
वोट करें

भारत की राजधानी क्या है?