एनआरएलएम समूह की महिलाओ को ऋण देने में बैंक लाये तेजी:सुशील कुमार

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

अमित मिश्रा

सोनभद्र(उत्तर प्रदेश)। बचत एवं चालू खाता की स्थिति जनपदवार एवं शाखावार तथा खातों में आधार सीडिंग की स्थिति, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति योजना, प्रधान मंत्री सुरक्षा बीमा योजना, अटल पेंशन योजना तथा प्रधानमंत्री जनधन खाता योजना के सम्बन्ध में बारी-बारी से गहनता पूर्वक समीक्षा वित्तीय सेवाएॅ विभाग, भारत सरकार निदेशक सुशील कुमार सिंह की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभागार में वित्त मंत्रालय भारत सरकार द्वारा वित्तीय समावेशन पैरामीटर के तहत छः पैरामीटर्स की गयी।

निदेशक सुशील कुमार ने समीक्षा में पाया कि जनपद में बैंकों द्वारा आधार सीडिंग की स्थिति 83 प्रतिशत है, जो कि निर्धारित औसत से कम है और केन्द्र सरकार द्वारा संचालित योजना जो कई विभागों द्वारा बेरोजगारों को रोजगार से जोड़ने व उद्योग स्थापित करने सम्बन्धी पत्रावली बैंक में पेडिंग है, की समीक्षा की गयी।

समीक्षा के दौरान निदेशक द्वारा बैंकों को निर्देशित किया गया कि जनपद में लोगों को रोजगार से जुड़ने के लिए सम्बन्धित विभाग द्वारा जो भी पत्रावलियां बैंक को भेजी गयी है, का निस्तारण हर हाल में निर्धारित समय सीमा के अन्दर कराया जाये, जिससे लोेग उद्योग धंधे करते हुए आत्मनिर्भर की ओर बढ़ सकें। बैंक में जो भी पत्रावली पेंडिंग हैं, उसका परीक्षण कर पात्र लाभार्थियों का चयन कर ऋण उपलब्ध कराया जाये, पत्रावली में जो भी प्रपत्र में कमी है, सम्बन्धित विभाग के माध्यम से लाभार्थी को भी अवगत कराया जाये, जिससे प्रपत्रों में सुधार किया जा सके।

वित्तीय सेवाएॅ विभाग, भारत सरकार निदेशक ने बैंक के सम्बन्धित मैनेजरगण को निर्देशित किया कि बेवजह पात्र लाभार्थियों को परेशान न किया जाये, पत्रावली में जो भी समस्या है, की सही जानकारी देेते हुए उनका सकारात्मक सहयोग किया जाये, जिससे उन्हें केन्द्र द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ आसानी से मिल सकें।

उन्होंने एनआरएलएम समूह की महिलाओं को सीसीएल ऋण वितरण की समीक्षा की, तो डीसी एनआरएलएम द्वारा जानकारी दी गयी कि कई विभागों में काफी संख्या में पत्रावलियां पेडिंग हैं, जिसका निस्तारण अभी तक नहीं कियागया है, जिससे जिले के लक्ष्य में भी काफी समस्या उत्पन्न हो रही है।

इस सम्बंध में निदेशक द्वारा सम्बन्धित बैंकों को निर्देशित किया गया कि एनआरएलएम समूह की महिलाओं कोे ऋण देने सम्बन्धित पत्रावली का निस्तारण में तेजी लाया जाये, बिना कारण के उन्हें परेशान करने प्रयास न किया जाये अन्यथा की दशा में विधित कार्यवाही सुनिश्चित की जायेगी।

इस मौके पर जिलाधिकारी बीएन सिंह ने सुझाव देते हुए कहा कि एनआरएलएम समूह की महिलाओं कोे ऋण देकर लाभान्वित किया जाना शासन की प्राथमिकता में है, बावजूद इसके बैंक में इनके पत्रावलियों को पेंडिंग रखना एक शिथिल कार्य को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि यहां का क्षेत्र काफी दूर तक फैला है, समूह की महिलाएं जिला मुख्यालय के बैंकों पर आती हैं, जिससे उनका व्यय के साथ ही उन्हें काफी परेशानी उठानी पड़ती है। इसलिए दूर-दराज के गांवों में बैंक कैम्प के माध्यम से पात्र लाभार्थियों का चयन करते हुए ऋण देने में सकारात्मक सहयोग करने का काम करें, जिससे बैंक भी उनके कार्यों को समझते हुए उन्हें ऋण उपलब्ध कराने में अपनी अहम भूमिका निभा सकें।

इस मौके पर मुख्य विकास अधिकारी जागृति अवस्थी, मंडलीय प्रमुख इंडियन बैंक कमलेश कुमार सिंह, क्षेत्रीय प्रमुख बैंक ऑफ़ बड़ोदा गंगा सिंह चौधरी, क्षेत्रीय प्रबंधक यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया संजीव कुमार, क्षेत्रीय प्रबंधक आर्यावर्त बैंक दीपक गुप्ता और संबंधित बैंक के मैनेजरगण उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

1543
वोट करें

भारत की राजधानी क्या है?