हेलो स्कूल आफ एक्सीलेंस में नन्हे-मुन्ने बच्चो ने हर्षोल्लास के साथ मनाया स्वतंत्रता दिवस

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

अमित मिश्र

अपने पर विश्वास नही होता तो शायद हम अंग्रेजो से जीत नही पाते – ईओ मधुसूद

लघु नाटक कर सोशल मीडिया से सचेत रहने का दिया सन्देश

सोनभद्र(उत्तर प्रदेश)। जनपद के ओबरा में स्थित हेलो स्कूल आफ एक्सीलेंस में शुक्रवार को स्वतंत्रता दिवस धूम-धाम से मनाया गया। सर्वप्रथम विद्यालय प्रबन्ध समिति के अध्यक्ष हाजी जलालुद्दीन खान ने ध्वजारोहण किया। राष्ट्रगान के बाद बच्चे यहा पर कदम कदम पर धरती बदले रंग गीत पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत कर लोगो को तालिया बजाने पर मजबूर कर दिया। विद्यालय में हुये सास्कृतिक कार्यक्रमो ने लोगो का मन मोह लिया।

आज के परिवेश में सोशल मीडिया के दुष्प्रभाव पर बेलाल , आयत, रिषभ, सोहम, रूद्र, अलहान, रूही , एरम फातिमा आदि ने नाट्य प्रस्तुत कर लोगो को सचेत किया। इस नाटक में बच्चो ने परिजनो द्वारा किये गये लापरवाही के कारण बच्चो के भविष्य पर पड रहे दुष्प्रभाव का सजीव चित्रण किया। आई लव माई इण्डिया गीत ,हम इण्डिया वाले , बमबम बोले, संदेशे आते है आदि गीतो पर बच्चो में नृत्य प्रस्तुत कर वाह वाही लूटी।

वही मुख्य अतिथि समारोह को सम्बोधित करते हुये नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी मधुसूदन जायसवाल ने कहा कि विद्यालय में एक स्लोगन लिखा है वी लीभ इन योर सेल्फ अचीभ द इम्पासिबल इसका एक व्यापक अर्थ है। आज जो हम स्वतंत्रता दिवस मना रहे है बिलीव इन योर सेल्फ अगर हमे अपने पर भरोसा नही होता तो शायद हम अपने दुस्मनो से लड ही नही पाते और हम अग्रेजो को बाहर नही कर पाते । किसी एक ने अपने पर भरोसा किया और लाठी लेकर अग्रेजो के खिलाफ बाहर आये उसके पीछे लोग जुडते गये न थिंक इस पाशिबल , इम्पसिबल कहता है आई एम पासिबल। वह दिन आया है जब हम स्वतंत्रता दिवस मना रहे है। कुछ लोग कहते है कि भारत ने आखिर दिया ही क्या है हम सिर्फ पापुलेशन के व पालुशन के मामले मे ंज्यादा है और कुछ नही है। आज हम जो स्वतंत्र रूप से बोल रहे है, अपने बच्चो को अच्छी शिक्षा दे रहे है सम्मानजनक जीवन ब्यतीत कर रहे है ,अपने बच्चो को एक अच्छा नागरिक बना रहे है यह भी स्वतंत्रता का परिणाम है।

श्री जायसवाल ने कहा कि विद्यालय के बच्चो ने सोशल मीडिया का बच्चो पर जो भी दुस्प्रभाव पड रहा है उसक चित्रण बखूबी ढंग से किया है। आज के परिवेश में बच्चे दिन के 12 घन्टे में से 8 घन्टे सोशल मीडिया पर समय ब्यतीत कर अपना कीमती समय नष्ट कर रहे है। बच्चो के सोशल मीडिया पर ज्यादा समय ब्यतीत करने से उनका फिजिकल एक्टीविटी से दूरी बन गयी है। जिससे उनका मानसिक व शारिरिक विकाश नही हो पा रहा । लघु नाटक से अधिशासी अधिकारी मधुसुदन जायसवाल ने बच्चो को पुरस्कृत भी किया।

इस मौके पर बच्चो को सम्बोधित करते हुये प्रधानाचार्य नाहिद खान ने कहा कि यह गर्व की बात है कि स्वाधीनता दिवस सभी भारतीय उत्साह और उमंग के साथ मनाते हैं। ये दिवस हमें भारतीय होने के गौरव का विशेष स्मरण कराते हैं।

इस दिन भारत ने 200 सालों के ब्रिटिश शासन से आजादी हासिल की थी। स्वतंत्रता दिवस भारत के लिए गर्व और एकता का प्रतीक है। भारत की आजादी की लड़ाई यहां के सभी जाति, धर्म, संप्रदाय, वर्ग के लोगों ने लड़ी।धार्मिक व मौलिक अधिकार हमे आजादी के बाद मिला। वही इस कार्यक्रम का संचालन प्रबन्धक शमशाद आलम ने किया ।

Leave a Comment

1409
वोट करें

भारत की राजधानी क्या है?