130 कावरिया 12 दिन में 419 किमी पैदल चलकर चोरकी पानी महादेव को अर्पण करेंगे गंगाजल

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“सीतापुर विधायक रामकुमार टोप्पो के नेतृत्व में अस्सीघाट से निकली पदयात्रा म्योरपुर पहुंची”

म्योरपुर / सोनभद्र। सावन माह में आस्था और संकल्प की मिसाल पेश करते हुए छत्तीसगढ़ के सीतापुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक रामकुमार टोप्पो के नेतृत्व में 130 कावरिया अस्सीघाट वाराणसी से चोरकी पानी महादेव, सीतापुर, छत्तीसगढ़ के लिए पैदल यात्रा पर निकले हैं। मंगलवार को यह काफिला म्योरपुर कस्बा स्थित पंचायत भवन परिसर में हाल्ट किया। यहां ग्राम प्रधान की तरफ से सभी कावरियों के लिए दोपहर का भोजन एवं जलपान की व्यवस्था की गई। 12 दिन में तय करेंगे 419 किमी की कठिन यात्रा
विधायक रामकुमार टोप्पो ने बताया कि हम लोगों ने 13 अगस्त को वाराणसी के अस्सीघाट से गंगाजल उठाया था। 12 दिनों में 419 किलोमीटर की कठिन पैदल यात्रा तय कर सावन के चौथे सोमवार को चोरकी पानी महादेव को जल अर्पण किया जाएगा।विधायक ने बताया कि उन्हें 2018 में काशी विश्वनाथ से जल उठाकर चोरकी महादेव पर अर्पण करने का सपना आया था। उस समय वे फौज में थे। पहली यात्रा उन्होंने 2022 में 56 लोगों के साथ 10 दिनों में पूरी की थी। तब से लगातार 5 वर्षों से सावन में यह पदयात्रा निकाली जा रही है। हर साल कावरियों की संख्या बढ़ रही है, लेकिन वे 100 से 150 कावरियों को ही साथ लेकर चलते हैं। जानिए चोरकी पानी महादेव का इतिहास
विधायक ने बताया कि चोरकी पानी में विराजमान शिवलिंग स्वयंभू है। इसे किसी ने स्थापित नहीं किया है। स्थानीय मान्यता के अनुसार 1992 में सड़क निर्माण के दौरान मजदूरों को एक शिवलिंग नुमा पत्थर मिला। लाख प्रयास के बाद भी वह हिला नहीं। उसी रात यूपी के एक शिक्षक को सपना आया। अगले दिन शिक्षक ने वहां पहुंचकर पूजा-अर्चना कर क्षमा याचना की और ईंट-पत्थर से छोटा मंदिर बना दिया। कहा जाता है कि पहले शिवलिंग छोटी थी, लेकिन समय के साथ उसका आकार बढ़ता गया। आज वह 4 से 5 फीट ऊंची शिवलिंग है। दूर-दूर से श्रद्धालु यहां जल चढ़ाने आते हैं। म्योरपुर में हुआ स्वागत
कावरियों के आगमन पर युवा समाजसेवी सुजीत अग्रहरी, अजय अग्रहरी, मोनू जायसवाल, आरुषि जायसवाल, भूपेंद्र गुप्ता, पंकज सिंह सहित क्षेत्रीय लोग उपस्थित रहे। भोजन के बाद काफिले को आगे के लिए रवाना किया गया। “भोले के भक्तों की इस आस्था यात्रा में हर कदम पर भक्ति और समर्पण दिखाई दे रहा है” – स्थानीय लोगों ने कावरियों की हौसला अफजाई की।

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