वीरांगना महारानी दुर्गावती का जीवन बलिदान और संघर्षों से भरा रहा: सांसद

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अमित मिश्रा

घोरावल तहसील क्षेत्र के दुरावल कला में आयोजित हुई गौरव महासम्मेलन

सोनभद्र(उत्तर प्रदेश)। जनपद में आदिवासी वीरांगना महारानी दुर्गावती सेवा समिति द्वारा घोरावल विधानसभा क्षेत्र के  दुरावल कला गांव मे वीरांगना महारानी दुर्गावती की 461 वी गौरव दिवस पर एक महासभा का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथि द्वारा वीरांगना धाम परिसर में स्थापित वीरांगना महारानी दुर्गावती के प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। इस दौरान मुख्य अतिथि सपा सांसद छोटेलाल खरवार, पूर्व सांसद नरेंद्र सिंह कुशवाहा, नगर पालिका अध्यक्ष रूबी प्रसाद, सपा जिला अध्यक्ष राम निहाल यादव, पूर्व ब्लाक प्रमुख संजय यादव, रवि कुमार गोड आदि वक्ताओं ने सभा को संबोधित किया।


भारत के इतिहास में रानी दुर्गावती का नाम उन वीरांगनाओं में शामिल है जिन्होंने न केवल अपने साम्राज्य की रक्षा की, बल्कि अपनी मातृभूमि के लिए जान की बाजी भी लगाई। रानी का जीवन बलिदान, संघर्ष और साहस से भरा हुआ था। उनका नाम आज भी उन वीरांगनाओं में लिया जाता है जिन्होंने मुगलों के सामने कभी सिर नहीं झुकाया।

24 जून को इनकी 461वां बलिदान दिवस है। उनकी शहादत एक प्रेरणा है और उनका साहस भारतीय युद्धकला और नेतृत्व के इतिहास में एक अमूल्य धरोहर के रूप में सदैव जीवित रहेगा। रानी दुर्गावती का जीवन साहस, संघर्ष और नायकत्व का प्रतीक बन चुका है।उन्होंने 51 युद्धों में विजय प्राप्त की और अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिए बलिदान दिया। तो ऐसे में आइए उनके 461वें बलिदान दिवस पर हम उनके इस संघर्ष और साहस को याद करें।

इस मौके पर पूर्व चेयरमैन विजय कुमार जैन, डॉक्टर लोकपति सिंह ,श्याम बिहारी यादव, गौरी शंकर मण्डल अध्यक्ष रामबली मौर्या, दरोगा सिंह, धर्मराज सिंह, मन्नू पांडे, अंगद प्रसाद समेत सभी दलों के नेता सहित आसपास गांव के गग्रामीण मौजूद रहे।

वही पूरे कार्यक्रम का संचालन प्रबंधक राजेश कुमार गौड़ द्वारा किया गया।

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