नौगढ़ में अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस पर 175 किशोरियों ने दिखाया उत्साह — लड़कियों का नेतृत्व और उनकी स्वतंत्र पहचान विषय पर हुआ विशेष आयोजन

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

चंदौली जिले के नौगढ़ में अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर सोमवार को मानव सेवा केंद्र, बाघी नौगढ़ के प्रांगण में मानव सेवा केंद्र और उत्तर प्रदेश Coalition to Empower Girls (UPCEG) के संयुक्त तत्वावधान में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की थीम लड़कियों का नेतृत्व और उनकी स्वतंत्र पहचान  रही, जिसके माध्यम से बालिकाओं में समानता, आत्मनिर्भरता और नेतृत्व क्षमता का संदेश दिया गया।

इस अवसर पर नौगढ़ ब्लॉक के 30 गांवों से 175 किशोरियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि संस्था प्रमुख जगत नारायण रहे, जबकि विशिष्ट अतिथियों में डॉ. रंगराजन भारती, अरविंद कुमार (BPM, CHC नौगढ़), रानी सरोज (CDPO इंचार्ज, ICDS), छाया कुमारी (मुख्य सेविका, ICDS) और श्री बी.के. राय (शिक्षा विभाग) उपस्थित रहे।

मुख्य अतिथि जगत नारायण ने अपने संबोधन में कहा कि बेटियाँ केवल परिवार की नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र की प्रगति की नींव हैं। हर बालिका को शिक्षा, अवसर और आत्मनिर्भरता के माध्यम से अपनी स्वतंत्र पहचान स्थापित करने का अधिकार है। उन्होंने बालिकाओं से आत्मविश्वास, परिश्रम और सकारात्मक सोच के साथ जीवन में आगे बढ़ने का आह्वान किया।

डॉ. रंगराजन भारती ने किशोरियों के स्वास्थ्य, पोषण और शिक्षा पर बल देते हुए कहा कि सशक्त समाज के निर्माण में स्वस्थ और शिक्षित बालिकाओं की भूमिका अहम है।
अरविंद कुमार (BPM) ने स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता बढ़ाने की बात कही और बालिकाओं को नियमित स्वास्थ्य परीक्षण कराने की सलाह दी।

CDPO इंचार्ज रानी सरोज ने कहा कि ICDS कार्यक्रमों के माध्यम से बालिकाओं के सर्वांगीण विकास के लिए सतत प्रयास किए जा रहे हैं, वहीं मुख्य सेविका छाया कुमारी ने किशोरियों को अपनी प्रतिभा पहचानने और नेतृत्व की भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया।

बी.के. राय ने कहा कि शिक्षा ही बालिकाओं के सशक्तिकरण की सबसे बड़ी कुंजी है, जो उन्हें आत्मनिर्भर बनाती है।

कार्यक्रम के दौरान बालिकाओं ने कुर्सी दौड़, जलेबी दौड़, प्रश्नोत्तरी, स्लोगन लेखन, कविता, गीत और वाद-विवाद प्रतियोगिता में भाग लेकर अपनी प्रतिभा और आत्मविश्वास का प्रदर्शन किया। प्रतिभागियों ने यह सिद्ध किया कि अवसर मिलने पर वे हर क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल कर सकती हैं।

आयोजन की सफलता में संस्था की समन्वयक सुश्री सुधा जी, हंशलाल, अरविंद कुमार, संदीप कुमार, अशोक, अर्चना एवं अन्य स्टाफ सदस्यों का विशेष योगदान रहा। कार्यक्रम का संचालन मानव सेवा केंद्र के कार्यकर्ता अमरनाथ ने किया।

अंत में अतिथियों द्वारा विजेता प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया और सभी बालिकाओं को समाज में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया।

कार्यक्रम का समापन इस संदेश के साथ हुआ —
“यदि बालिकाएँ सशक्त होंगी, तो समाज और देश अपने आप प्रगति करेगा।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

1543
वोट करें

भारत की राजधानी क्या है?