नवीन कुमार
O- सोनभद्र की चारों विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी सोनांचल संघर्ष वाहिनी
कोन (सोनभद्र) । कोन ब्लॉक के सलैयाडीह गांव में रविवार को करमा पूजन एवं आदिवासी-मूल निवासी एकता समागम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में सोनांचल संघर्ष वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं अधिवक्ता रोशन लाल यादव ने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि सोनांचल के आदिवासियों, दलितों और मूल निवासियों का उत्पीड़न किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अपने अधिकारों के लिए संगठन को बड़े आंदोलन का रास्ता भी अपनाना पड़ा तो पीछे नहीं हटेगा।

रोशन लाल यादव ने आरोप लगाया कि सोनांचल का आदिवासी, दलित और मूल निवासी आज भी बदहाली में जीवन जीने को मजबूर है। रोजगार और आजीविका के पर्याप्त साधन उपलब्ध नहीं हैं तथा ग्रामीण क्षेत्रों के विकास की स्थिति चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि गांवों की सड़कों की हालत खराब है और सरकार पर नई सड़कों के निर्माण की जगह केवल गड्ढे भरने तक सीमित रहने का आरोप लगाया।
उन्होंने औद्योगिक क्षेत्रों में स्थानीय आदिवासी और मूल निवासियों को रोजगार नहीं मिलने का मुद्दा भी उठाया। कहा कि सोनांचल के कल-कारखानों में संविदा श्रमिकों की नियुक्ति में स्थानीय लोगों को पर्याप्त अवसर नहीं मिल रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि क्षेत्र में बदलाव की राजनीतिक परिस्थितियां बन रही हैं और आने वाले समय में इसका असर दिखाई देगा।
चारों विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ने का ऐलान
सोनांचल संघर्ष वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने घोषणा की कि संगठन सोनभद्र की चारों विधानसभा सीटों पर अपने चुनाव चिह्न के साथ मजबूती से चुनाव मैदान में उतरेगा। उन्होंने कहा कि संगठन आदिवासियों, दलितों और मूल निवासियों के मुद्दों को लेकर राजनीतिक संघर्ष को आगे बढ़ाएगा।

जल, जंगल और जमीन के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि सोनांचल की हजारों एकड़ भूमि को उद्योगपतियों को कम कीमत पर दिए जाने का आरोप गंभीर है। उन्होंने आदिवासी, दलित और मूल निवासी समाज से क्षेत्र के प्राकृतिक संसाधनों की रक्षा के लिए एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर सोनांचल की सड़कों पर उतरकर व्यापक आंदोलन किया जाएगा।
मतदाता सूची को लेकर भी उठाए सवाल
रोशन लाल यादव ने चुनाव आयोग की मतदाता सूची से बड़ी संख्या में नाम हटाए जाने का दावा करते हुए इसे लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़ा गंभीर मुद्दा बताया। उन्होंने कहा कि सोनांचल संघर्ष वाहिनी कथित ‘वोट चोरी’ का विरोध करती है और इस मुद्दे पर युवाओं के साथ मिलकर आवाज उठाएगी।
उन्होंने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि सोनांचल संघर्ष वाहिनी आदिवासियों, दलितों और मूल निवासियों को संगठित कर जल, जंगल और जमीन के मुद्दे पर आंदोलन को व्यापक रूप देगी।
कार्यक्रम में आयोजक चंद्र देव चेरो, शंकर गोंड, बलवंत यादव, अन्नू खान, दशमी चेरो, रामदुलार गोंड, दशमी गोंड, रजवंती चेरो, सिताबी गोंड, सलमान और विकास मिश्रा समेत अन्य लोग मौजूद रहे। जनसभा का संचालन पड़रछ ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अमरेश यादव ने किया।









