अमित मिश्रा
सोनभद्र । मेडिकल कॉलेज से जुड़े जिला अस्पताल के प्रसव वार्ड से छह दिन के मासूम के रहस्यमयी ढंग से चोरी होने की सनसनीखेज वारदात ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है। चंदौली के नौगढ़ से प्रसव के लिए आई महिला पूनम ने 27 मई को ऑपरेशन से बेटे को जन्म दिया था। लेकिन सोमवार सुबह सब कुछ बदल गया—एक अनजान महिला, जो खुद को मरीज की परिचित बताती रही, मासूम को चुपचाप लेकर फरार हो गई।
अस्पताल का सुरक्षाकर्मियों से भरा परिसर उस वक्त लाचार नजर आया, जब बच्चा चुराने वाली महिला खुलेआम वार्ड से बाहर निकल गई और किसी को भनक तक नहीं लगी। हालांकि बाद में जब परिजनों ने शोर मचाया, तब अस्पताल प्रबंधन हरकत में आया, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। सीसीटीवी फुटेज में महिला को बच्चे को लेकर जाते हुए देखा गया है—यह सब सवाल उठाने के लिए काफी है कि आखिर अस्पताल की चौकसी कितनी खोखली है?
पीड़ित पिता सुदामा की मानें तो आरोपी महिला बीते कई दिनों से वार्ड में मौजूद थी और मरीजों से घुलमिल गई थी। सोमवार की सुबह मौका पाकर वह पति को ‘जलेबी’ लाने भेजती है और इसी दौरान बच्चे को लेकर फरार हो जाती है। जब तक सच्चाई सामने आई, बच्चे की मां पूनम का रो-रोकर बुरा हाल हो चुका था और पूरा अस्पताल सकते में था।
पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है और सीसीटीवी फुटेज के सहारे महिला की तलाश शुरू कर दी गई है। लोढ़ी चौकी प्रभारी संजय सिंह ने भरोसा दिलाया है कि मामले का जल्द खुलासा किया जाएगा।
अब बड़ा सवाल यह है कि आखिर कब तक अस्पताल जैसे संवेदनशील स्थानों पर लापरवाहियां यूं ही बच्चों को लीलती रहेंगी? क्या सुरक्षा व्यवस्था केवल दिखावे के लिए है? कौन होगा इस घोर लापरवाही का जिम्मेदार? अस्पताल प्रबंधन, सुरक्षा स्टाफ या फिर पूरा सिस्टम? इन सवालों के जवाब फिलहाल जांच की मोहर में दफन हैं।







