अमित मिश्रा
O- परिवारिक लालच ने लील ली 80 वर्षीय वृद्धा की जान
सोनभद्र। उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जनपद से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाली एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। सदर कोतवाली क्षेत्र के बबूरी–चुर्क इलाके में मंगलवार की तड़के जमीन के बंटवारे को लेकर हुए विवाद में कलयुगी बेटे और बहू ने अपनी ही मां की पीट-पीटकर हत्या कर दी। इस निर्मम घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है।
मृतका की पहचान फूलवा देवी (80 वर्ष) पत्नी स्वर्गीय राम किसुन, निवासी बबूरी चुर्क के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, मंगलवार सुबह करीब पांच बजे जमीन के हिस्से को लेकर विवाद इतना बढ़ गया कि सबसे बड़े बेटे अशोक और उसकी पत्नी सिला ने बुजुर्ग मां पर लाठी–डंडों और हाथों से हमला कर दिया, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
छोटे बेटे की शादी बना विवाद की जड़
परिजनों ने बताया कि फूलवा देवी के तीन बेटे और तीन बेटियां हैं। परिवार में जमीन के बंटवारे को लेकर लंबे समय से तनाव चल रहा था। बताया जा रहा है कि छोटे बेटे की शादी के लिए जमीन का हिस्सा अलग नहीं किया जा रहा था, जिससे नाराज बड़े बेटे और बहू ने इस अमानवीय घटना को अंजाम दे दिया।
ग्रामीणों के मुताबिक, वृद्धा अक्सर परिवार में समझौता कराने का प्रयास करती थीं, लेकिन लालच और क्रूरता के आगे रिश्तों की सारी मर्यादाएं टूट गईं।
पोस्टमार्टम के बाद जांच शुरू
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। बुधवार को पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
इस संबंध में थाना प्रभारी रामस्वरूप वर्मा ने बताया कि मृतका के छोटे बेटे धर्मेंद्र चौहान की ओर से प्रार्थना पत्र दिया गया है, जिसमें मारपीट से मौत की बात कही गई है। हालांकि मौत का कारण अभी संदिग्ध बताया जा रहा है। परिजन अंतिम संस्कार के लिए गए हैं, उनके लौटने के बाद बयान के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। चौकी पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है।
समाज को झकझोर देने वाली घटना
जमीन के लालच में मां की हत्या की यह घटना न केवल कानून-व्यवस्था बल्कि सामाजिक मूल्यों पर भी गहरा सवाल खड़ा करती है। जिस मां ने बच्चों को जन्म दिया, उसी मां की जान लेना मानवता पर कलंक है।
अब निगाहें पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हैं कि दोषियों को कब और कितनी सख्त सजा मिलती है।







