श्रीराम-सीताविवाह: आदर्श दाम्पत्य जीवन और त्याग का प्रतीक

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

सोनभद्र। रावर्ट्सगंज नगर के अशोकनगर अकड़हवा पोखरा स्थित रामजानकी मंदिर पर चल रहे नव दिवशीय श्री रामकथा के छठवें दिन सीताराम विवाह महोत्सव बड़े ही श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस अवसर पर झांकी भी निकाली गई। कथा वाचक मानस किंकर नीरजानन्द महाराज ने श्री राम और सीता के विवाह को केवल ऐतिहासिक प्रसंग नहीं, बल्कि दाम्पत्य जीवन मर्यादा और त्याग का शाश्वत संदेश बताया। उन्होंने कहा कि श्री राम और माता सीता का विवाह गृहस्थ जीवन को दिशा प्रदान करने वाला है। कथा के दौरान जनकपुरी में जैसे ही विवाह की झांकी का वर्णन हुआ, भक्त भाव विभोर हो उठे और सीताराम की झांकी का स्वागत करने के लिए पुष्प वर्षा की गई। भजन कीर्तन, मंगल गीत और शहनाई की मधुर ध्वनि से वातावरण को आध्यात्मिक बना दिया गया। संचालन राम जानकी मंदिर के प्रधान पुजारी पं० नीरजानन्द मिश्र द्वारा किया गया। उन्होंने नगर वासियों से अपील की कि अधिक से अधिक संख्या में राम कथा में उपस्थित होकर पुण्य लाभ अर्जित करें। इस मौके पर राम चरित मानस के परायण कर रहे मानस हंस श्यामबली पाठक व यज्ञ के आचार्य पं० राजन पाण्डेय व पं० मनोज कुमार दीक्षित, पं० अनूप पाण्डेय, पं० मुख्य यजमान अरविन्द देव पाण्डेय, कपिल मुनि मिश्र, राजेश शुक्ल, अनीता मिश्रा, संतोष सिंह, मनोरथ मिश्र, राजू पाण्डेय, संजय पाण्डेय, कृष्ण कुमार मिश्र, विनय कुमार, मनोज सिंह, नितेश पाठक, अरविंद दुबे, हर्ष, कलम हथियार सहित सैंकड़ो की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

IMG 20260928 WA0019
IMG 20260928 WA0020

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

1545
वोट करें

भारत की राजधानी क्या है?