अमित मिश्रा
विकास खण्ड कोन के ग्राम पंचायत रोरवा का मामला
सोनभद्र(उत्तर प्रदेश)। जनपद मे विकास खण्ड कोन के ग्राम पंचायत रोरवा में हुए विकास कार्यों में अनियमितता का आरोप लगाते हुए रोरवा के ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान द्वारा कराए गए विकास कार्यों की शिकायत की थी, जिसको संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी ने जाँच के आदेश देते हुए त्रिस्तरीय जांच कमेटी गठित किया है।
ग्राम पंचायत रोरवा में ग्राम प्रधान व प्रधान प्रतिनिधि के द्वारा ग्राम पंचायत के विकास कार्यों प्रधान मंत्री आवास, मुख्य मंत्री आवास, मनरेगा सहित लोक वित्त/राज्य वित्त में काफी अनियमितता बरतने का आरोप लगाया गया है,शिकायतकर्ता प्रतीक कुमार पुत्र सम्पूर्णानन्द गुप्ता एवं राजेश कुमार भाटिया पुत्र कैलाशनाथ, निवासी ग्राम-रोरवा, पोस्ट-रोरवा, जनपद-सोनभद्र द्वारा शपथ पत्र युक्त शिकायती प्रार्थना पत्र 18 दिसंबर और 19 जनवरी को प्रस्तुत कर ग्राम पंचायत रोरवा, विकास खण्ड-कोन में कराये गये कार्यों का बिन्दुवार उल्लेख करते हुये जांच कराये जाने का अनुरोध किया गया था। जिसको संज्ञान में लेते हुए सोनभद्र डी एम बद्रीनाथ सिंह ने उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम 1947 यथा संशोधित 1994 की धारा-95(1) तथा उत्तर प्रदेश पंचायत राज (प्रधानों, उप प्रधानों और सदस्यों को हटाया जाना) जांघ नियमावली 1997 में निहित प्राविधानों के अनुसार उपरोक्त शिकायती पत्र की जांच के लिए टीम गठित किया है।
इस जांच कमेटी मे जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी, सहायक अभियन्ता, ग्रामीण अभियन्त्रण विभाग व जिला लेखा परीक्षा अधिकारी (सहकारी समितियां एवं पंचायतें) , नामित लेखा शामिल है। नामित लेखा परीक्षक को संयुक्त रूप से जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है तथा जाँच अधिकारी को निर्देशित किया गया है कि शिकायती पत्र में उल्लिखित प्रत्येक बिन्दुओं की स्थलीय/अभिलेखीय एवं तकनीकी जांच कर संयुक्त रूप से स्पष्ट शिकायती पत्र के साथ जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय में प्रस्तुत करना सुनिश्चित करेंगे।







