अमित मिश्रा
O- नेटवर्क व संसाधनों की कमी का मुद्दा उठाते हुए कर्मचारियों ने बांधी काली पट्टी
सोनभद्र। ऑनलाइन उपस्थिति (मोबाइल एप) और फील्ड इंस्पेक्शन सिस्टम लागू किए जाने का विरोध लगातार दूसरे दिन भी जारी रहा। पंचायत अधिकारी एवं ग्राम विकास अधिकारी समन्वय समिति के आह्वान पर मंगलवार को सदर विकासखंड सहित जिले के सभी ब्लॉकों में पंचायत कर्मियों ने काली पट्टी बांधकर शांतिपूर्ण सत्याग्रह किया। सदर ब्लॉक में यह प्रदर्शन जिलाध्यक्ष अरुण सिंह, ब्लॉक अध्यक्ष मनोज दुबे और पार्थराज की अगुवाई में हुआ। जिलेभर में यह आंदोलन समिति के जिलाध्यक्ष अरुण कुमार के दिशा-निर्देश पर एक साथ संचालित किया गया।
तकनीकी कमी और जमीनी बाधाओं की ओर किया ध्यान आकर्षित
कर्मचारियों का कहना है कि ग्रामीण क्षेत्रों में नेटवर्क की समस्या और तकनीकी संसाधनों के अभाव के कारण मोबाइल एप आधारित हाजिरी प्रणाली व्यावहारिक नहीं है। फील्ड में लगातार घूमकर काम करने वाले कर्मचारियों का तर्क है कि यह प्रणाली उनके कार्यभार को बढ़ाएगी और विकास कार्यों की गति प्रभावित करेगी।
सदर ब्लॉक अध्यक्ष पार्थराज सिंह ने स्पष्ट किया कि ग्रामीण क्षेत्रों की कार्यप्रणाली के अनुरूप यह व्यवस्था बिल्कुल उपयुक्त नहीं है। उन्होंने कहा कि अधिकांश ग्राम पंचायतों में तकनीकी सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं, ऐसे में ऑनलाइन हाजिरी की अनिवार्यता जमीनी हकीकत से मेल नहीं खाती।
आंदोलन का चरणबद्ध कार्यक्रम घोषित
विरोध कर रहे कर्मचारियों ने अपने आंदोलन के चरणबद्ध कार्यक्रम की भी घोषणा की-
- 1 दिसंबर से 4 दिसंबर: काली पट्टी बांधकर कार्य
- 5 दिसंबर: सामूहिक विरोध प्रदर्शन
- 10 दिसंबर: धरना
- 15 दिसंबर से: सभी विभागीय कार्यों का बहिष्कार
कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि शासन स्तर से समाधान नहीं मिलता है तो आंदोलन को और अधिक उग्र किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह विरोध सरकार के खिलाफ नहीं, बल्कि जमीनी समस्याओं और विभागीय जटिलताओं को उजागर करने के लिए है।
इस अवसर पर जिला महामंत्री प्रीति पाठक, स्वेता गुप्ता, चांदनी गुप्ता, सगीता राव, अजय कुमार, प्रमोद कुमार, पंकज मौर्या, अरुण चौधरी, सुरेश कुमार, संजय सिंह, सुजीत कुमार, सुभम सहित बड़ी संख्या में पंचायत और ग्राम विकास अधिकारी मौजूद रहे।







