सकल हिंदू समाज न्याय पंचायत से बस्ती तक करेगा विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

अमित मिश्रा

O- संगठन, समरसता और सांस्कृतिक पुनर्जागरण को लेकर जिलेभर में अभियान

सोनभद्र । जनपद सोनभद्र में सकल हिंदू समाज के संगठनात्मक विस्तार और सामाजिक समरसता को मजबूत करने के उद्देश्य से न्याय पंचायत एवं बस्ती स्तर पर विराट हिंदू सम्मेलनों के आयोजन की श्रृंखला शुरू की जा रही है। यह पहल सकल हिंदू समाज आयोजन समिति सोनभद्र के नेतृत्व में की जा रही है।

आयोजन समिति के जिला संयोजक/अध्यक्ष आलोक कुमार चतुर्वेदी ने बताया कि इन सम्मेलनों का उद्देश्य हिंदू समाज को संगठित करना, आपसी प्रेम-सद्भाव बढ़ाना, सुख-दुख में सहभागिता को प्रोत्साहित करना तथा हिंदू धर्म-संस्कृति और सामाजिक मूल्यों के पोषक विषयों का पुनर्स्थापन करना है। उन्होंने कहा कि यह मंच सामूहिक शक्ति के प्रकटीकरण और समाज में समरसता के भाव को सुदृढ़ करेगा।

मंच की संरचना समावेशी
आयोजन के मंच पर स्थानीय स्तर से पाँच अतिथियों की सहभागिता सुनिश्चित की गई है—

  1. संत समाज से एक पूजनीय संत,
  2. सहोदर/वंचित वर्ग से एक प्रतिनिधि,
  3. मातृ शक्ति से एक महिला प्रतिनिधि,
  4. आयोजन समिति का अध्यक्ष,
  5. मुख्य वक्ता।
    यह संरचना सामाजिक समावेशन और संतुलित प्रतिनिधित्व को रेखांकित करती है।

जिला व विकासखंड स्तरीय टीम गठित
जिले की आयोजन समिति का गठन पूर्ण कर लिया गया है। जिला स्तर पर उपाध्यक्ष के रूप में राजीव मिश्रा व अजीत रावत, महामंत्री मणिकर्णिका कोल, कोषाध्यक्ष नीतू संजीविया तथा मंत्री के रूप में पवन जैन और आनंद गुप्ता की घोषणा की गई है। इसके अलावा सदस्य के रूप में कई सामाजिक प्रतिनिधि नामित किए गए हैं।

विकासखंड स्तर पर भी संयोजक/अध्यक्ष व उपाध्यक्षों की नियुक्ति कर दी गई है—

  • नगवां: संयोजक/अध्यक्ष मनोज चौबे; उपाध्यक्ष अमरेश पटेल व सुनील जायसवाल
  • चतरा: संयोजक/अध्यक्ष नंदलाल विश्वकर्मा; उपाध्यक्ष सुनील सिंह व रमेश चौबे
  • छप्पका: संयोजक/अध्यक्ष सत्येंद्र पाठक; उपाध्यक्ष दयाशंकर पांडे व मनीष मिश्रा
  • कर्मा: संयोजक/अध्यक्ष राजेश मिश्रा; उपाध्यक्ष उमाशंकर व रविंद्र बहादुर
  • घोरावल: संयोजक/अध्यक्ष राजीव; उपाध्यक्ष अरुण चौबे व उमेश शुक्ला
  • सोनभद्र नगर: संयोजक/अध्यक्ष नागेंद्र राय; उपाध्यक्ष मनोज जालान व संगम गुप्ता

आयोजन समिति के अनुसार, घोषित संरचनाओं के अनुरूप ही समस्त न्याय पंचायतों और बस्तियों में सम्मेलन आयोजित किए जाएंगे। समिति ने सभी वर्गों से सहभागिता का आह्वान करते हुए कहा कि यह पहल सामाजिक एकता और सांस्कृतिक चेतना को नई दिशा देगी।

Leave a Comment

1347
वोट करें

भारत की राजधानी क्या है?