सीएस पाण्डेय
कबूतरबाजी की भेट चढ़ गया आदिवासी युवक।
पुत्र के लापता होने के बाद थाना का चक्कर लगा रही बेबस मां।
बभनी थाना क्षेत्र के संवरा गांव का मामला।
बभनी(सोनभद्र/उत्तर प्रदेश)। विकास खण्ड क्षेत्र से महानगरों में काम की तलाश में बड़ी संख्या में बेरोजगार आदिवासी युवक जाते है। ऐसे ही एक 18 वर्षीय युवक रोजगार क्षेत्र के एक व्यक्ति के साथ छह माह पहले दिल्ली गया था जो लापता हो गया है। जिसको लेकर मां बेटे की तलाश के लिए दो माह से पुलिस से मदद की गुहार लगा रही है। पीडित मां का आरोप है कि गांव का ही एक व्यक्ति उसके बेटे को काम दिलाने के बहाने दिल्ली ले गया था, लेकिन बाद में वह व्यक्ति अकेला ही लौट आया।
यह घटना लगभग छह माह पहले की है। बभनी थाना क्षेत्र के संवरा करोंधिया टोला गांव निवासी देवमति का बेटा रवीन्द्र गांव के ही शिवचरन गोड़ के साथ काम की तलाश में दिल्ली गया था। कुछ दिनों बाद शिवचरन अकेला ही गांव वापस आ गया। जब देवमति ने उससे रवीन्द्र के बारे में पूछा, तो शिवचरन ने बताया कि वह रवीन्द्र को अपने साथ नहीं ले गया था।इसके बाद देवमति ने अपने बेटे की काफी खोजबीन की, लेकिन उसका कोई पता नहीं चल सका। बेटे का पता न चलने पर देवमति ने बभनी थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिवचरन को थाने बुलाकर रवीन्द्र को खोजकर वापस लाने का निर्देश दिया था।
कई माह बीत जाने के बाद भी शिवचरन ने न तो रवीन्द्र की तलाश की और न ही उसे वापस लाया। अपने बेटे के लंबे समय से लापता होने से चिंतित देवमति ने अब अधिकारियों से शिवचरन से गहन पूछताछ कर उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग किया है ।इस संबंध में प्रभारी निरीक्षक कमलेश पाल ने बताया कि मामला दूसरे राज्य का है इस लिए इस मामले में वही तहरीर देना चाहिए।







