चंदौली जनपद के तहसील नौगढ़ क्षेत्र अंतर्गत गहिला दक्षिणी रेंज के कंपार्टमेंट संख्या–18 में वन भूमि पर अवैध कब्जे की सूचना पर वन विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अतिक्रमण की कोशिश को नाकाम कर दिया। सोनभद्र जनपद से आकर वन क्षेत्र में अवैध रूप से कब्जा करने की तैयारी कर रहे लोगों को मौके से बेदखल कर वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया।
जांच में सामने आया कि बाहरी जनपद से आए लोगों द्वारा खाली पड़ी वन भूमि पर मड़ई व तिरपाल लगाकर पुराने प्लांटेशन के पौधों को नुकसान पहुंचाया जा रहा था और स्थायी कब्जे की मंशा से गतिविधियां की जा रही थीं। सूचना मिलते ही वन दरोगा राजेंद्र सोनकर के नेतृत्व में गठित टीम मौके पर पहुंची, जिसमें वन दरोगा प्रशांत कुमार, सावित्री कुमारी सहित अन्य वनकर्मी शामिल रहे। टीम ने कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से लगाए गए तिरपाल व 15 झोपड़ियों को हटवाया और भूमि को सुरक्षित कराया।
कार्रवाई के दौरान जंगल की ओर भाग रहे चार–पांच संदिग्ध व्यक्तियों को पकड़कर पूछताछ की गई। संबंधित व्यक्तियों द्वारा भविष्य में वन क्षेत्र में प्रवेश न करने का आश्वासन दिए जाने पर उन्हें कड़ी चेतावनी देकर छोड़ा गया।
इस संबंध में रेंजर संजय श्रीवास्तव ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण, मड़ई निर्माण या प्लांटेशन को क्षति पहुंचाना गंभीर अपराध है। सोनभद्र सहित किसी भी अन्य जनपद से आकर वन क्षेत्र में अवैध गतिविधियों में लिप्त पाए जाने वालों के विरुद्ध वन अधिनियम के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने बताया कि क्षेत्र में नियमित गश्त बढ़ा दी गई है और सीमावर्ती वन क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। वन विभाग वन भूमि की सुरक्षा को लेकर पूरी तरह सतर्क है और किसी भी कीमत पर अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।







