राजेश गुप्ता बोले – लाखों का राजस्व देते हैं व्यापारी, फिर भी नहीं मिल रही सुविधाएं, उग्र आंदोलन की चेतावनी
सोनभद्र। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल सोनभद्र की एक महत्वपूर्ण बैठक आज मंडी परिसर में आयोजित की गई। बीते दिनों मंडी परिसर में हुए भीषण अग्निकांड पर गहरा दुख और चिंता व्यक्त करते हुए व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने पीड़ित और स्थानीय व्यापारियों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को सुना।
मंडी परिसर का मुआयना करने के बाद व्यापार मंडल के जिला अध्यक्ष राजेश गुप्ता ने परिसर में व्याप्त भारी दुर्व्यवस्थाओं पर तीखा आक्रोश व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि व्यापारी सरकार को लाखों रुपये का राजस्व देते हैं, लेकिन इसके बावजूद उन्हें बुनियादी सुविधाएं तक नसीब नहीं हो रही हैं।
जिला अध्यक्ष ने मंडी की मुख्य समस्याएं रेखांकित की फायर सेफ्टी का अभाव परिसर में आग से निपटने के कोई पुख्ता इंतजाम नहीं, जिसके कारण हाल ही में बड़ा अग्निकांड हुआ।
टूटा तौल कांटा व्यापारियों के लिए जरूरी तौल कांटा लंबे समय से टूटा पड़ा है, जिससे व्यापार प्रभावित हो रहा है।
गंदगी और अंधेरा परिसर में साफ-सफाई की कोई व्यवस्था नहीं है और बिजली गुल रहने से व्यापारी व आम जनता परेशान है।
सुरक्षा व्यवस्था ठप परिसर के अंदर सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं हैं, जिससे व्यापारियों में हमेशा भय का माहौल बना रहता है।
व्यापार मंडल ने जिला प्रशासन से मांग की है कि व्यापारियों को तत्काल सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, फायर सेफ्टी की व्यवस्था दुरुस्त की जाए और भविष्य में कोई भी कदम उठाने या कार्यक्रम करने से पहले व्यापारियों से उचित समन्वय स्थापित किया जाए। जिला अध्यक्ष ने बताया कि कल आयोजित हुई ‘व्यापारी सुरक्षा प्रकोष्ठ’ की बैठक में भी व्यापार मंडल ने फायर सेफ्टी और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया था।
मंडी परिसर में मौजूद वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष संदीप सिंह चंदेल और जिला उपाध्यक्ष प्रकाश केसरी ने संयुक्त बयान में कहा, “लाखों का राजस्व देने वाले व्यापारियों के साथ इस तरह का बर्ताव सरासर अन्याय है। प्रशासन की लापरवाही के कारण व्यापारियों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”
इस मौके पर मंडी के अध्यक्ष श्याम बाबू केसरी ने मंडी प्रशासन के उदासीन रवैये पर सवाल खड़े करते हुए कहा, “मंडी परिसर में अव्यवस्था और हादसों का यह सिलसिला हर बार का है। हम लगातार मंडी प्रशासन को लिखित और मौखिक रूप से अवगत कराते रहे हैं, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।”
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल ने चेतावनी दी है कि यदि जिला प्रशासन और मंडी प्रशासन ने जल्द ही समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं निकाला और व्यापारियों को सुरक्षा व सुविधाएं नहीं दीं, तो व्यापार मंडल उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगा।








