अमित मिश्रा
आक्रोशित रहवासियों ने शनिवार को किया था प्रदर्शन
सोनभद्र(उत्तर प्रदेश)। जनपद की दो विधानसभाओं को जोड़ने वाले डाला से ओबरा मार्ग पिछले दो वर्षो से खराब पड़ी है , शनिवार को सड़क की धूल फाक रहे आक्रोषित रहवासियो ने प्रदर्शन कर उप जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया कि उनकी मांग को पूरा नही किया जाता है तो जन प्रतिनिधियो व जिला प्रशासन के विरूद्ध पद यात्रा निकाली जाएगी। जिसकी सूचना मिलते ही सदर विधायक ने आक्रोषित नगरवासियो के समक्ष रविवार को पहुंच कर जल्द ही इस बदहाल सड़क के निर्माण कराने का आश्वासन दिया है।
विधायक ने डाला ओबरा मार्ग की समस्या को देखने व जानने के लिए सड़क पर उड़ते धूल के बीच मोटर साइकिल पर बैठकर एक किमी की दूरी तय कर सेक्टर बी चौराहा पहुँच कर हनुमान मंदिर में माथा टेका और चौराहे पर बैठकर ही आक्रोषित लोगो की समस्या सुनी।इस दौरान उन्होने लोगो की नाराजगी देख अफसोस जताया ।वही मौके पर ही अपनी मोबाइल का स्पीकर आनकर खराब सड़क से परेशान रहवासियो की स्थिति से जिलाधिकारी व पीडब्लूडी एक्सईएन से वार्ता की और सड़क का निर्माण कराये जाने को लेकर चल रही प्रक्रिया से अवगत कराया।
इस दौरान लोगो ने दो वर्षो के बीच तमाम अधिकारियो व जन प्रतिनियो को दिये गये पत्रक को सदर विधायक भूपेश चौबे को सौपते हुए बताया कि डाला वैष्णो मंदिर के पास चोपन गढवा व चोपन सिंगरौली पर बने पुल संख्या 382 आरओबी में दरार आने की वजह से 19 जून 2023 को पुल पर तीन मीटर का हाईटगेज लगाकर भारी वाहनो का आवागमन बंद कर दिया था और मार्ग को परिवर्तित कर डाला लाल बत्ती से गजराज नगर होते हुए भारी वाहनो के आवागमन का मार्ग संचालित हो गया। जिससे डाला गजराज नगर तक का मार्ग पूर्णतः ध्वस्त हो गया है।
मार्ग की मरम्मत कराए जाने को लेकर कई बार जन प्रतिनिधियो व जिला प्रशासन को पत्रक दिया जा चुका है। लगातार अखबारों में खबर छपने व स्थानीय लोगों के विरोध के उपरांत जिला प्रशासन ने लालबत्ती से ओबरा गजराज नगर तक मार्ग को मरम्मत कराए जाने के लिए लगभग 4.18 करोड़ में जिला खनिज फाऊन्डेशन (डीएम एफ) से स्वीकृति के बाद टेंडर भी अखबार में प्रकाशित की गई थी, लेकिन किन कारणों से स्वीकृति को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया । उक्त मार्ग डाला ओबरा की लाइफ लाइन मार्ग है जिससे प्रतिदिन हजारों लोगों का आवागमन होता है।
सदर विधायक भूपेश चौबे ने लोगो को आश्वस्त किया कि नवम्बर माह में ही डाला-ओबरा मार्ग का निर्माण कराये जाने को लेकर टेंडर निकलने की प्रक्रिया पुरी हो जाएगी और दिसम्बर 2025 में ही सड़क का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।







