म्योरपुर / सोनभद्र। स्थानीय ब्लॉक के ग्राम पंचायत मधुबन स्थित बरहपान तिराहे पर बुधवार को क्षेत्रीय ग्राम स्वराज्य सभा के अध्यक्ष असर्फी सिंह की अध्यक्षता में प्रबोधन यात्रा के तहत विचार गोष्ठी आयोजित की गई।
गोष्ठी में मुख्य वक्ता जगत नारायण विश्वकर्मा और सौरभ कुमार ने कहा कि ग्राम पंचायत तभी मजबूत होगी जब गांव के लोग अपने विकास से जुड़े निर्णयों में सक्रिय भागीदारी करेंगे। पंचायत की बैठकों में उपस्थिति बढ़ाने और योजनाओं की जानकारी आम लोगों तक पहुंचाना जरूरी है। पंचायत केवल योजनाएं लागू करने की संस्था नहीं, बल्कि सामूहिक विकास और स्वावलंबन का माध्यम है।
महिला वक्ता फूलवंती ने महिलाओं से गांव की समस्याओं को पंचायत के सामने मजबूती से रखने और ग्रामसभा में सक्रिय हिस्सा लेने का आह्वान किया। कहा कि महिलाएं स्वच्छता, शिक्षा, पानी और स्वास्थ्य जैसे मुद्दों पर जागरूकता फैलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं। उन्होंने शौचालयों के नियमित प्रयोग पर जोर दिया।
राम अवध ने कहा कि स्वच्छ गांव केवल सरकारी प्रयासों से नहीं बनेगा, इसके लिए हर परिवार को जिम्मेदारी समझनी होगी। जगत गोंड ने युवाओं से कहा कि वे केवल रोजगार तक सीमित न रहें, बल्कि शिक्षा, नशामुक्ति, पर्यावरण संरक्षण और ग्रामसभा जैसे सामाजिक कार्यों में भी ऊर्जा लगाएं।
गोष्ठी में इंद्रावती और गीता ने भी विचार रखे। वक्ताओं ने कहा कि महात्मा गांधी, आचार्य विनोबा भावे और जयप्रकाश नारायण के ग्राम स्वराज और जनभागीदारी के विचार आज भी प्रासंगिक हैं।
अध्यक्षता कर रहे असर्फी सिंह ने ग्रामीणों से ग्रामसभा को मजबूत बनाने और सामूहिक भूमिका निभाने की अपील की।






