अमित मिश्रा
मृतक मजदूर की पत्नी ने सीजेएम कोर्ट में दाखिल किया है वाद
सोनभद्र(उत्तर प्रदेश)। क्रशर प्लांट पर काम के दौरान एक मजदूर की मौत पर सीजेएम न्यायालय ने क्रशर मालिक राजेश जायसवाल के खिलाफ मुक़दमा पंजीकृत कर विवेचना किये जाने का आदेश दिया है।
अधिवक्ता विकास शाक्य ने बताया कि पीड़िता फुलवंती ने सीजेएम न्यायालय मे 173(4) बीएनएस के तहत प्रार्थना प्रस्तुत कर के आरोप लगायी कि राजेश जायसवाल का सोनांचल क्रशर स्टोन प्लांट बिल्ली बाड़ी डाला मे है। जिसमें फुलवंती के पति जगबंधन मजदूरी का काम कर रहा था तभी क्रेशर के बेल्ट में फंसकर जग बंधन की मृत्यु हो गई।
पुलिस ने इस मामले को सुलह- समझौता करा कर समाप्त कर दिया था परंतु मृतका की पत्नी फुलवंती ने सीजेएम न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर क्रेशर मालिक के खिलाफ आरोप लगाई कि क्रेशर मालिक की लापरवाही से पति का मौत हुई है।
न्यायालय मे मृतक की पत्नी ने यह भी आरोप लगायी है कि राजेश जायसवाल मजदूरों को सेफ्टी अथवा अन्य कोई मौके पर सुरक्षा उपाय नहीं रखें हैं, सेफ्टी के साथ मजदूरो से काम नही कराते हैं और क्रशर मालिक की लापरवाही से ही मेरे पति की मौत हुई है। क्रशर के खतरनाक जगह पर बिना सेफ्टी के मजदूर से कम कराया जा रहा था इसी दौरान यह घटना हुई है।
फुलवंती ने पुलिस अधीक्षक को भी घटना की सूचना दी थी परंतु करवाई वाई नहीं की गई तब न्यायालय मे घटना के सम्बन्ध मुक़दमा दर्ज करने के लिए अधिवक्ता विकाश शाक्य के जरिये प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर दी।
न्यायालय ने पुलिस से रिपोर्ट तलब किया पुलिस के रिपोर्ट और पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्य को देखते हुए मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आलोक यादव ने क्रशर मालिक राजेश जायसवाल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर विवेचना किया जाने का आदेश थाना चोपन को दिया है ।







