सोनभद्र। नगर के बूथ संख्या 14 पर देश के लोकप्रिय प्रधानमंत्री की मन की बात भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष धर्मवीर तिवारी की नेतृत्व में सुनी गई पीएम नरेंद्र मोदी आज मन की बात कार्यक्रम में देश को संबोधित किया। मन की बात कार्यक्रम का आज 129वां एपिसोड था, जिसमें प्रधानमंत्री ने 2025 की उपलब्धियों का जिक्र किया और कहा कि इससे देश को नया आत्मविश्वास मिला। 2025 में ‘मन की बात’ का ये आखिरी एपिसोड है, अब हम साल 2026 में ऐसे ही उमंग और उत्साह के साथ, अपनेपन के साथ अपने ‘मन की बातों’ को करने के लिए ‘मन की बात’ के कार्यक्रम में जरूर जुड़ेंगे। लोगों से मिलने वाले सुझाव और इस दिशा में उनके प्रयासों को देखकर ये विश्वास और मजबूत होता है और जब ये सब बातें मेरे तक पहुँचती हैं, तो ‘विकसित भारत’ का संकल्प जरूर सिद्ध होगा | ये विश्वास दिनों दिन मजबूत होता जाता है ।
साल 2026 इस संकल्प सिद्धि की यात्रा में एक अहम पड़ाव साबित हो, आपका और आपके परिवार का जीवन खुशहाल हो, इसी कामना के साथ इस एपिसोड में विदाई लेने से पहले मैं जरूर कहूँगा, ‘फिट इंडिया Movement’ आप को भी फिट रहना है | ठंडी का ये मौसम व्यायाम के लिए बहुत उपयुक्त होता है, व्यायाम जरूर करें | आज मारग्रेट जी की यूनिट उसमें 50 से ज्यादा कलाकार काम कर रहे हैं और उन्होंने अपनी मेहनत से दिल्ली समेत देश के कई राज्यों में, अपने उत्पादों का एक बाजार भी विकसित किया है। मणिपुर से ही एक और उदाहरण सेनापति जिले की रहने वाली चोखोने क्रिचेना जी का है | उनका पूरा परिवार परंपरागत खेती से जुड़ा रहा है | क्रिचेना ने इस पारंपरिक अनुभव को एक और विस्तार दिया | उन्होंने फूलों की खेती को अपना जुनून बनाया |
समाज को सशक्त बनाने वाले लोगों का पीएम मोदी ने किया जिक्र
मेरे प्यारे देशवासियो, हमारी पारंपरिक कलाएं समाज को सशक्त करने के साथ ही लोगों की आर्थिक प्रगति का भी बड़ा माध्यम बन रही हैं। आंध्र प्रदेश के नारसापुरम जिले की Lace Craft (लेस क्राफ्ट) की चर्चा अब पूरे देश में बढ़ रही है | ये लेस क्राफ्ट कई पीढ़ियों से महिलाओं के हाथों में रही है | बहुत धैर्य और बारीकी के साथ देश की नारी-शक्ति ने इसका संरक्षण किया है। आज इस परंपरा को एक नए रंग रूप के साथ आगे ले जाया जा रहा है | आंध्र प्रदेश सरकार और नाबार्ड मिलकर कारीगरों को नए डिजाइन सिखा रहे हैं, बेहतर स्किल ट्रेनिंग दे रहे हैं और नए बाजार से जोड़ रहे हैं। नारसापुरम लेस को GI Tag भी मिला है | आज इससे 500 से ज्यादा उत्पाद बन रहे हैं और ढ़ाई-सौ से ज्यादा गांवों में करीब-करीब 1 लाख महिलाओं को इससे काम मिल रहा है। कार्यक्रम में मुख्य रूप सेउत्कर्ष पांडे.संदेश पटेल .अजित पाल सिंह. .कृपा शंकर .शशिकान्त पाण्डेय. संतोष मोर्या. श्याम लाल सोनी.श्याम कुमार . सोनु बिनोद सोनी इत्यादि लोग शामिल हुए।







