अमित मिश्रा
O- मुख्य अभियुक्तों व संलिप्त अधिकारियों पर हो कार्रवाई
सोनभद्र। ओबरा थाना क्षेत्र स्थित बिल्ली–मारकुंडी खनन क्षेत्र में हुए भीषण हादसे को लेकर जिले में आक्रोश लगातार बढ़ता ही जा रहा है। घटनास्थल से भारी मात्रा में अवैध विस्फोटक मिलने और मजिस्ट्रियल जांच शुरू होने के बाद विभिन्न सामाजिक-राजनीतिक संगठनों ने इसे गंभीर सुरक्षा चूक बताते हुए दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग तेज कर दी है।
शनिवार को युवा कांग्रेस सोनभद्र के जिलाध्यक्ष शशांक मिश्रा अपने पदाधिकारियों के साथ पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि खनन क्षेत्र में विभाग द्वारा लंबे समय से सुरक्षा मानकों की खुलेआम अनदेखी की जा रही थी। मजदूरों और स्थानीय निवासियों द्वारा बार-बार चेतावनी के बावजूद प्रशासन ने कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया, जो इस बड़े हादसे का प्रमुख कारण बना।
युवा कांग्रेस ने अपनी मांग में यह सवाल भी उठाया कि—
- खनन में उपयोग होने वाले बड़े पैमाने के विस्फोटकों की आपूर्ति किस चैनल से हो रही थी?
- इन्हें खदान परिसर तक कौन पहुँचा रहा था?
- सुरक्षा मानकों की निगरानी किस अधिकारी के जिम्मे थी और वह क्यों विफल रहा?
ज्ञापन में यह आशंका भी व्यक्त की गई कि मामले में लीपापोती की कोशिश हो सकती है, इसलिए मुख्य अभियुक्तों के साथ-साथ उन अधिकारियों पर भी कठोर कार्रवाई की जाए जो प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से इस आपराधिक लापरवाही में संलिप्त रहे।







