अमित मिश्रा
O- रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी
कृष्णा माइंस वर्क्स की चट्टान धंसने से हुई बड़ी त्रासदी, प्रशासन अलर्ट मोड पर
सोनभद्र। ओबरा थाना क्षेत्र के कृष्णा माइंस वर्क्स में शनिवार दोपहर हुए दर्दनाक खनन हादसे ने पूरे जनपद को झकझोर कर रख दिया है। मलबे में दबे मजदूरों को निकालने के लिए चल रहा रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार तीसरे दिन भी जारी है। प्रशासन ने रविवार शाम बड़ी अपडेट देते हुए बताया कि अब तक कुल सात शव मलबे से बरामद किए जा चुके हैं।
शाम को मिले दो और शव, मृतकों की संख्या पहुँची सात
रविवार शाम को राहत दल ने दो और शवों को मलबे से बाहर निकाला। इस तरह 52 घंटे की लंबी और थकाऊ कवायद के बाद कुल सात मजदूरों के शव बरामद हुए।
प्रशासन के अनुसार, सात में से छह शवों की पहचान हो चुकी है, जबकि एक शव बुरी तरह क्षत-विक्षत अवस्था में मिला, जिसकी पहचान प्रक्रिया जारी है।
मौके पर मौजूद हैं जिले के सभी आला अधिकारी
हादसे की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, अपर जिलाधिकारी, एसडीएम ओबरा सहित उच्चाधिकारियों ने मोर्चा संभाल रखा है।
दिन-रात जारी रेस्क्यू अभियान की स्वयं निगरानी करते हुए अधिकारी लगातार आवश्यक दिशा-निर्देश दे रहे हैं।
तीन जिलों से बुलाई गई अतिरिक्त फोर्स
जनता को सुरक्षित दूरी पर रखने और रेस्क्यू को सुचारु रूप से चलाने के लिए प्रशासन ने बाहरी जिलों से भी फोर्स की तैनाती की है।
वाराणसी, मिर्जापुर और भदोही से आए पुलिसकर्मी घटना स्थल पर डटे हुए हैं। मौके पर PAC, फायर ब्रिगेड और आपदा राहत टीमें भी तैनात हैं।
मशीनों की गुर्राहट और बचाव दल की कोशिशें जारी
52 घंटे से जारी अभियान में दर्जनों मशीनों का इस्तेमाल हो रहा है। जेसीबी, क्रेन, डंपर और रेस्क्यू उपकरणों की मदद से मलबा हटाने का काम निरंतर चल रहा है।
मलबा कई फीट तक दबा होने के कारण बचाव दल को कठिन परिस्थितियों में कार्य करना पड़ा।
एसडीएम ओबरा ने दी आधिकारिक जानकारी
रेस्क्यू कार्य की निगरानी कर रहे एसडीएम ओबरा ने सात शवों के बरामद होने की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि जब तक अंतिम व्यक्ति को बाहर नहीं निकाला जाता, अभियान जारी रहेगा।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल, गांवों में पसरा मातम
हादसे में मारे गए मजदूरों के परिवारों में कोहराम मचा हुआ है। शव मिलने की जानकारी मिलते ही जिल अस्पताल और घटना स्थल पर चीख-पुकार मच गई।
गांवों में मातम का माहौल है और लोग प्रशासन से सख्त कार्रवाई और जांच की मांग कर रहे हैं।
खनन सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
कृष्णा माइंस वर्क्स में हुए इस हादसे ने खनन सुरक्षा मानकों और प्रशासनिक निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
स्थानीय संगठनों व राजनीतिक दलों ने भी हादसे की उच्चस्तरीय जांच तथा दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग की है।
यह हादसा पिछले कई वर्षों में ओबरा खनन क्षेत्र में हुई बड़ी घटनाओं में से एक माना जा रहा है।
प्रशासन की कोशिश है कि जल्द से जल्द अंतिम मजदूर को भी मलबे से बाहर निकाला जाए और पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच की जाए।







