चंदौली जिले के नौगढ़ थाना क्षेत्र के चोरमोरवा गांव में वन विभाग की कार्रवाई से वनवासी आक्रोशित हो गए। वन विभाग ने बिना पूर्व सूचना के वनवासियों की झोपड़ियां हटा दीं। इसके विरोध में वनवासियों ने एसडीएम आवास के सामने प्रदर्शन किया।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे पिछले 25 वर्षों से इस भूमि पर रह रहे हैं। वन विभाग ने न केवल उनकी झोपड़ियां तोड़ीं, बल्कि घरेलू सामान को भी जला दिया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कार्रवाई के दौरान विभाग के कर्मचारियों ने महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार किया और उन्हें लाठी-डंडों से पीटा।

वनवासियों ने वन विभाग के वाचरों पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि कुछ वाचर खुद वन भूमि पर कब्जा कर खेती कर रहे हैं। लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाती।
चंदौली में मीटिंग से लौटते ही एसडीएम विकास मित्तल मौके पर पहुंचे। उनके साथ एसडीएम रजत वर्मा भी थे। दोनों अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि मारपीट या सामान जलाने के दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई होगी।

एडीएम ने वन विभाग के एसडीओ वरुण कुमार सिंह को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वन भूमि पर अवैध कब्जा करने वाले विभागीय कर्मचारियों की जांच कर कार्रवाई की जाए। प्रदर्शन में रंजीत, कन्हैया, जोखन, शंकर समेत कई वनवासी शामिल थे।







